Shamli Kotwali Thaane Me Tahrir Dete Kashyap Samaj Ke Log
शामली (संवाददाता दीपक राठी) : उत्तर प्रदेश के जनपद शामली (Shamli) के बलवा गाँव में शमशान भूमि के विवाद ने एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। कश्यप समाज के लोगों द्वारा शमशान भूमि पर कथित अवैध कब्जे की शिकायत प्रशासनिक स्तर पर दर्ज कराने के बाद आरोपी दबंग हिस्ट्रीशीटर महेंद्र व उसके साथियों ने शिकायतकर्ता हलवाई मनोज कुमार के साथ गाली-गलौच और जान से मारने की धमकी दी। तनाव की स्थिति के कारण पीड़ित अपने समाज के दर्जनों लोगों के साथ कोतवाली पहुंच गया और पुलिस को तहरीर दे कर सुरक्षा और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
मोती बात यह है कि मामला कोतवाली शहर क्षेत्र के बलवा गाँव का है, जहां हलवाई के रूप में व्यवसाय करने वाले मनोज कुमार ने बताया कि कुछ समय पूर्व उसने शमशान घाट पर कथित अवैध कब्जे की शिकायत तहसील दिवस, थाना दिवस व मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई थी। शिकायत से नाराज होकर उक्त कब्जाधारी महेंद्र—जिसे स्थानीय लोग हिस्ट्रीशीटर व दबंग प्रवृत्ति का व्यक्ति बताते हैं—अपने दो पुत्र प्रदीप व विकास तथा एक साथी वीरेंद्र के साथ मनोज की दुकान पर पहुंचा।

आक्रोशित आरोपियों ने दिखाई बदअनामी, कहा—‘जिसे वहां आएगा, वहीं सुला देंगे’
शामली (Shamli) जिले के गांव बलवा के पीड़ित के अनुसार, आरोपियों ने आरोप-प्रत्यारोपों के बीच गाली-गलौच करते हुए धमकियाँ दीं और कहा कि ग्राम प्रधान व जिला प्रशासन भी उस भूमि को खाली नहीं करवा पाएंगे। आरोप है कि चारों आरोपी हथियार लेकर आए थे और उन्होंने मनोज से कहा कि या तो वह अपनी सभी शिकायतें वापस ले ले या अपनी दुकान बंद कर के गांव छोड़ दे। चेतावनी के स्वर में कहा गया कि यदि उसने ऐसा नहीं किया तो उसका कत्ल कर दिया जाएगा। भयभीत मनोज ने बताया कि लगातार मिलने वाली धमकियों के कारण वह व उसके परिवार के लोग दहशत में जी रहे हैं।
शामली (Shamli) की घटना के बाद मनोज अपने समाज के कई लोगों के साथ थाने पहुँचा और वहां तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई व अपनी जान माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। पीड़ित पक्ष ने कहा कि स्थानीय लोग मामले में हस्तक्षेप कर रहे हैं पर तत्काल प्रभावी सुरक्षा व न्याय की आवश्यकता है।
पुलिस ने शुरू की छानबीन, परिजन व समाज में फैल रहा क्षोभ
शामली (Shamli) शहर कोतवाली पुलिस ने पीड़ित की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि घटना की प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और आरोपियों की पहचान व whereabouts की जांच की जा रही है। स्थानीय समाज के लोगों का कहना है कि ऐसे दबंग तत्वों के कारण अघोषित भय का माहौल बन गया है और प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई की उम्मीद है।
शामली (Shamli) में कश्यप समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि शमशान भूमि जैसे संवेदनशील स्थानों पर किसी को भी अवैध कब्जे की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए और यदि आरोप सही पाए गए तो कब्जाधारी के विरुद्ध सख्त कार्यवाही हो। उन्होंने प्रशासन से गुहार लगाई कि पीड़ित व उसके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कराते हुए कब्जे वाले हिस्से की जांच कराई जाए और आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएं।
सुरक्षा व सरकारी कार्रवाई की मांग तेज
शामली (Shamli) जिले के बलवा गाँव की इस घटना ने स्थानीय समुदायों में सुरक्षा और कानूनी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शमशान भूमि जैसे धार्मिक व समाजिक महत्व वाले स्थानों पर अवैध कब्जा रोकने व ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने की प्रशासन से व्यापक अपेक्षा है। शामली (Shamli) पुलिस की जांच वर्तमान में जारी है; परिजन व समाज के लोग न्याय व सुरक्षा की तत्काल व्यवस्था की बात कर रहे हैं—ताकि भविष्य में किसी भी नागरिक को भय के साये में जीना न पड़े।