Taskaro Se Baramad Hathiyaar (Muzaffarnagar)
मुजफ्फरनगर (संवाददाता गौरव चौटाला) : उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) जनपद में बिहार के मुंगेर से हथियार तस्करी की आपूर्ति बढ़ने की खबरों के बीच पुलिस ने हाल ही में बड़ी सफलता दर्ज की है। बताया जा रहा है कि पिछले लगभग 60 दिनों में जिले की पुलिस ने कुल 87 असलहे बरामद किए हैं और 37 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। मंगलवार को वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर हुई कार्रवाई में शाहपुर थाना पुलिस ने मीरापुर बायपास के पास से तीन प्रमुख हथियार तस्करों — तसव्वर, अरमान और इकरार — को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने इन आरोपियों के कब्जे से कई पिस्टल, तमंचे, एक मस्कट/शॉटगन और दर्जनों कारतूस बरामद किए हैं। प्रारम्भिक जानकारी के अनुसार बरामद की गई इन वस्तुओं में कुल सोलह असलहे शामिल बताए जा रहे हैं तथा बड़ी संख्या में ज़िंदा कारतूस भी छिन लिए गए हैं। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना शाहपुर में आर्म्स एक्ट और संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है।

मुंगेर-कनेक्शन और आपराधिक इतिहास; आरोपियों पर पहले से तलाशी थी
मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) पुलिस ने बताया है कि बरामद पिस्टलों में कुछ इंडियन मेड पिस्टल भी शामिल थीं जिनका स्रोत बिहार के मुंगेर से जोड़ा जा रहा है। जांच के सिलसिले में यह पता चला है कि ये तस्कर मुंगेर से सस्ते दामों पर हथियार खरीदकर मुजफ्फरनगर और आसपास के जनपदों में सप्लाई करते थे। तीनों गिरफ्तार अपराधी हरिद्वार जनपद के निवासी बताए जा रहे हैं और इनके खिलाफ विभिन्न जनपदों में पहले से गंभीर आपराधिक मुकदमें दर्ज हैं।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि सुबह करीब 4 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि मीरापुर बायपास के पास ये तस्कर हथियार बेचने तथा अपने सहअपराधियों को वितरित करने की तैयारी में हैं। उसी सूचना पर शाहपुर टीम, सीओ बुढ़ाना और एसपीआरए के निर्देशन में सघन गतिविधि कर तस्करों को घेर कर पकड़ने में सफल रही। एसएसपी ने कहा कि तसव्वर पर पहले से ₹10,000 का इनाम भी लगाया गया था और उसका आपराधिक रिकार्ड भी लंबा है — डकैती, मारपीट और आर्म्स एक्ट से संबंधित मुकदमों के मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने यह भी बताया कि अभी तीन अन्य आरोपी फरार हैं और उन्हें जल्दी ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इसके अलावा मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) में एक बार पहले भी कथित तौर पर एक गन फैक्ट्री पकड़ी जा चुकी है, जिसमें एक साथ कई असलहे बरामद हुए थे — यह कार्रवाई इसी श्रृंखला की कड़ी मानी जा रही है।

बरामदगी और कानूनी कार्रवाई
एसएसपी मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) के एक बयान के अनुसार, बरामद सामग्री में पिस्टल, तमंचे, शॉटगन/मस्कट और विभिन्न बोर के जिंदा व खोखा कारतूस शामिल हैं। थाना शाहपुर में आरोपीों पर आर्म्स एक्ट की धारा 5/25 सहित संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस ने कार्रवाई में लगी टीम को ₹15,000 इनाम देने की भी घोषणा की है।
जांच अभी जारी है और पुलिस इस पूरे नेटवर्क के पीछे के लिंक — मुंगेर सप्लाई चैन, लोकल असलहा निर्माताओं और उन दुकानदारों/वितरकों की पहचान कर रही है जिनके माध्यम से हथियारों का वितरण होता रहा। मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि हथियार तस्करी व आपराधिक गिरोहों पर कड़ी नजर रखी जा रही है तथा भाजपा चुनावी परिदृश्य या किसी अन्य लोकल घटना के दौरान सुरक्षा में सेंध लगाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनन कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) पुलिस की लगातार चालों से जिले में हथियारों के अवैध कारोबार पर बड़ा असर पड़ा है — सिर्फ पिछले दो माह में 87 हथियार बरामद और 37 आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं। मंगलवार की गिरफ्तारी इस अभियान की ताज़ा सफलता है। पुलिस का कहना है कि जांच और पकड़-छानबीन जारी रहेगी और जो भी लोग इस नेटवर्क से जुड़े पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।