Kisaan Zameen Par Kabje Ke Karan Ki Khudkushi Ki Koshish (Kannauj)
कन्नौज (संवाददाता पंकज कुमार श्रीवास्तव ) : जनपद कन्नौज (Kannauj) के थाना तालग्राम क्षेत्र के ग्राम सिलुआपुर में मंगलवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब गांव के ही दबंगों द्वारा जमीन पर अवैध कब्जे से परेशान एक किसान पानी की ऊंची टंकी पर चढ़ गया और आत्महत्या करने का ऐलान कर दिया। किसान ने टंकी पर चढ़कर कहा कि वह अधिकारियों के चक्कर काट-काटकर थक चुका है और अब उसके पास जान देने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा है।
पानी की टंकी पर चढ़े किसान की पहचान अवधेश के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार किसान ने कपड़े से फांसी लगाने की तैयारी भी कर ली थी और लगातार यह कह रहा था कि यदि उसे न्याय नहीं मिला तो वह आत्महत्या कर लेगा। किसान के इस कदम से पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई।

जमीन पर अवैध कब्जे का आरोप, न्याय की आस में उठा खौफनाक कदम
कन्नौज (Kannauj) के किसान अवधेश का आरोप है कि उसकी कृषि भूमि पर गांव के ही कुछ दबंगों ने अवैध कब्जा कर रखा है। इस संबंध में वह कई बार तहसील और थाना स्तर पर शिकायत कर चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। किसान का कहना था कि उसने अधिकारियों को अपनी पीड़ा बार-बार सुनाई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिले, जमीन से कब्जा नहीं हटाया गया।
टंकी पर चढ़े किसान ने नीचे खड़े लोगों से कहा कि जब तक उसे लिखित आश्वासन नहीं मिलेगा और अवैध कब्जा हटाने की कार्रवाई नहीं होगी, तब तक वह नीचे नहीं उतरेगा। किसान की यह स्थिति देखकर ग्रामीणों में आक्रोश और चिंता दोनों देखने को मिली।
मौके पर उमड़ी भीड़, पुलिस-प्रशासन में मचा हड़कंप
घटना की सूचना मिलते ही गांव में सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हो गई। देखते ही देखते मामला गंभीर होता चला गया। सूचना पर कन्नौज (Kannauj) के थाना तालग्राम के थाना अध्यक्ष और तहसीलदार मौके पर पहुंचे। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने किसान से बातचीत शुरू की और उसे समझाने का प्रयास किया।
करीब एक घंटे तक किसान पानी की टंकी पर चढ़ा रहा। इस दौरान कन्नौज (Kannauj) पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार उसे शांत करने और नीचे उतरने के लिए मनाने में लगे रहे। अधिकारियों ने किसान को आश्वासन दिया कि उसकी शिकायत पर निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और यदि अवैध कब्जा पाया गया तो उसे तत्काल हटवाया जाएगा।
प्रशासन के आश्वासन पर टंकी से नीचे उतरा किसान
काफी देर की मशक्कत और समझाइश के बाद किसान अवधेश कन्नौज (Kannauj) प्रशासन के आश्वासन पर पानी की टंकी से नीचे उतरने को राजी हुआ। जैसे ही किसान नीचे उतरा, प्रशासन और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने किसान से लिखित प्रार्थना पत्र लिया और जल्द कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
तहसीलदार ने बताया कि किसान की जमीन से जुड़े मामले की राजस्व अभिलेखों के आधार पर जांच कराई जाएगी। यदि किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा सामने आता है तो नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं थाना अध्यक्ष ने कहा कि कानून-व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के साथ-साथ किसान को न्याय दिलाने का पूरा प्रयास किया जाएगा।
प्रशासन की भूमिका पर उठे सवाल
कन्नौज (Kannauj) में इस घटना के बाद ग्रामीणों में प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर सवाल भी उठने लगे हैं। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते किसान की शिकायतों पर कार्रवाई होती तो उसे इतना बड़ा कदम उठाने की जरूरत नहीं पड़ती। गांव के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध कब्जाधारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में कोई और किसान इस तरह की मजबूरी में आत्महत्या जैसा कदम न उठाए।
फिलहाल मामला शांत हो गया है, लेकिन कन्नौज (Kannauj) प्रशासन की अग्निपरीक्षा अभी बाकी है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि किसान अवधेश की जमीन से अवैध कब्जा हटाने के लिए प्रशासन कितनी जल्दी और कितनी गंभीरता से कार्रवाई करता है।