CM Yogi Adityanath File Photo
गाजियाबाद (Ghaziabad)। उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए सरकार और संगठन के बीच समन्वय तेज होता नजर आ रहा है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने गुरुवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। करीब ढाई घंटे तक चली इस बैठक में सरकार के कामकाज पर जमीनी फीडबैक लिया गया और कई अहम मुद्दों पर चर्चा की गई।
सूत्रों के मुताबिक बैठक का उद्देश्य सरकार की योजनाओं के प्रभाव, स्थानीय समस्याओं और संगठन के सुझावों को सीधे तौर पर समझना था। इसे 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले पश्चिमी उत्तर प्रदेश के राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

हिंडन एयरबेस से सरस्वती विद्या मंदिर तक पहुंचा काफिला
गाजियाबाद (Ghaziabad) में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का स्टेट प्लेन गुरुवार सुबह करीब 11:15 बजे Hindon Air Force Station पर उतरा। इसके बाद उनका काफिला सड़क मार्ग से नेहरू नगर स्थित Saraswati Vidya Mandir पहुंचा।
यहीं बंद कमरे में मेरठ प्रांत के संघ पदाधिकारियों के साथ विस्तृत बैठक हुई। मेरठ प्रांत में मेरठ, मुरादाबाद और सहारनपुर मंडल शामिल हैं, जिन्हें पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति में बेहद अहम माना जाता है। बैठक में इन क्षेत्रों से तीन दर्जन से अधिक संघ पदाधिकारी मौजूद रहे।
सरकार के कामकाज पर लिया गया फीडबैक
गाजियाबाद (Ghaziabad) में बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने संघ पदाधिकारियों से सरकार के कामकाज पर सीधा फीडबैक लिया। पदाधिकारियों ने विभिन्न जिलों में चल रही योजनाओं और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर अपने अनुभव साझा किए।
बताया जा रहा है कि कई पदाधिकारियों ने सरकार की योजनाओं और कानून-व्यवस्था में हुए सुधार की सराहना की, वहीं कुछ क्षेत्रों में सुधार की जरूरत भी बताई।
स्वास्थ्य और शिक्षा ढांचे को मजबूत करने की सलाह
गाजियाबाद (Ghaziabad) में हुई बैठक में संघ पदाधिकारियों ने सुझाव दिया कि सरकारी अस्पतालों और स्कूलों के आधारभूत ढांचे को और मजबूत किया जाए। कई जगह डॉक्टरों, शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों की कमी को दूर करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
उनका मानना था कि स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने से सरकार सीधे आम जनता के जीवन पर सकारात्मक प्रभाव डाल सकती है।
थानों में भ्रष्टाचार पर सख्ती की मांग
गाजियाबाद (Ghaziabad) बैठक में कानून-व्यवस्था से जुड़ा मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। कुछ पदाधिकारियों ने थानों में भ्रष्टाचार को लेकर चिंता जताई और इस पर सख्त कार्रवाई की जरूरत बताई।
सुझाव दिया गया कि पुलिस व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाई जाए और शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया को और प्रभावी बनाया जाए, ताकि आम लोगों का भरोसा और मजबूत हो सके।
लोनी की सड़कों और स्थानीय मुद्दों पर चर्चा
बैठक में गाजियाबाद (Ghaziabad) के लोनी क्षेत्र की सड़कों की स्थिति का मुद्दा भी उठा। पदाधिकारियों ने कहा कि कई स्थानों पर सड़कें खराब हैं और जल्द मरम्मत की जरूरत है।
इसके अलावा Har Ghar Jal Yojana के तहत पाइपलाइन बिछाने के लिए हुई खुदाई से गांवों की सड़कों को नुकसान पहुंचने की बात भी सामने आई। सुझाव दिया गया कि इन सड़कों की मरम्मत जल्द कराई जाए।
इसके साथ ही मेरठ के सेंट्रल मार्केट से जुड़े कुछ स्थानीय मुद्दों पर भी चर्चा की गई।