Baghpat Circle Rate Badlaav 2025
Baghpat में सर्किल रेट बढ़ाने की प्रक्रिया में 69 आपत्तियों का निस्तारण, जानें क्या बदलने वाला है!
ब्यूरो रिपोर्टः खबर उत्तर प्रदेश के Baghpat से है, जहां सर्किल रेट बढ़ाने को लेकर 69 आपत्तियां मिली हैं। इनमें जहां बड़ौत में सर्किल रेट कम कराने के लिए आपत्ति दर्ज कराई गई है तो सांकरौद में लोग दोगुने तक सर्किल रेट बढ़वाना चाहते हैं। अब इन आपत्तियों के निस्तारण करके एक जून से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे जो नौ साल बाद बढ़ेंगे। दरअसल यहां जमीनों के सर्किल रेट आखिरी बार वर्ष 2016 में बढ़े थे।
Baghpat में सर्किल रेट बढ़ाने की तैयारी
इसके बाद से जमीनों के बाजार भाव लगातार बढ़ते जा रहे हैं और वह आसमान पर पहुंच गए। मगर सर्किल रेट अभी तक नहीं बढ़ाए गए। इसको देखते हुए ही Baghpat, बड़ौत, खेकड़ा तीनों तहसील क्षेत्रों के नए सर्किल रेट की सूची एक सप्ताह पहले जारी की गई। इसमें बागपत में राष्ट्र वंदना चौक के आसपास दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे और मेरठ-बागपत नेशनल हाईवे के किनारे की जमीनों का सबसे ज्यादा सर्किल रेट बढ़ाया गया है।
69 आपत्तियों के बाद एक जून से लागू होंगे नए रेट
बड़ौत में दिल्ली बस स्टैंड चौक के आसपास और बाजार में सबसे ज्यादा 28 प्रतिशत तक सर्किल रेट बढ़ाया गया है। बता दे कि इस तरह खेकड़ा में पाठशाला चौक व पाठशाला मार्ग के पास 25 प्रतिशत तक सर्किल रेट बढ़ा है। इनकी सूची जारी करके आपत्ति मांगी गई।
इसको लेकर खेकड़ा में 38 और बड़ौत में 28 आपत्तियां आई हैं तो बागपत में सबसे कम केवल तीन आपत्तियां आई हैं। Baghpat के बड़ौत उप निबंधक कार्यालय में दर्ज कराई गई अधिकतर आपत्तियों में मांग की गई है कि सर्किल रेट को 30 प्रतिशत तक न बढ़ाया जाए। इसमें मामूली फेरबदल पांच प्रतिशत तक कर दिया जाए। क्योंकि सबसे ज्यादा सर्किल रेट बड़ौत में बढ़ाया जा रहा है। इसलिए वहां सबसे ज्यादा इसका असर पड़ना तय है।
सर्किल रेट में वृद्धि की आवश्यकता
Baghpat जिले में सर्किल रेट में वृद्धि से जमीनों के बाजार भाव और सरकारी रेट के बीच संतुलन स्थापित होगा। यह कदम भूमि लेन-देन में पारदर्शिता और न्याय सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण है। नए सर्किल रेट के लागू होने से भूमि खरीदी-बिक्री की प्रक्रिया में सुधार की उम्मीद है।

Baghpat जिले में नौ साल बाद सर्किल रेट बढ़ाने की प्रक्रिया ने नई दिशा पकड़ ली है। 2016 के बाद पहली बार भूमि के सरकारी मूल्य में बदलाव हो रहा है, जबकि इस दौरान जमीनों के बाजार भाव कई गुना बढ़ चुके हैं। इस असंतुलन को ठीक करने के लिए प्रशासन ने नया कदम उठाया है।
69 आपत्तियों का निस्तारण
69 आपत्तियों को सुनने और निस्तारित करने के बाद अब 1 जून से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे। यह बदलाव न सिर्फ राजस्व में वृद्धि करेगा, बल्कि भूमि खरीद-फरोख्त की प्रक्रिया में पारदर्शिता और ईमानदारी भी सुनिश्चित करेगा। बड़ौत क्षेत्र में जहां लोग रेट कम कराना चाहते हैं, वहीं सांकरौद जैसे गांवों में लोग रेट दोगुना कराने की मांग कर रहे हैं—यह दर्शाता है कि जमीनों के भाव और आवश्यकताओं में बड़ा अंतर पैदा हो चुका है।
नए सर्किल रेट के प्रमुख बिंदु
अब जब Baghpat, बड़ौत और खेकड़ा तहसीलों में नए सर्किल रेट की सूची जारी की गई है और इस पर 69 आपत्तियां प्राप्त हुई हैं, तो यह साफ है कि लोग इस बदलाव को लेकर सजग और जागरूक हैं। बड़ौत में जहां लोग सर्किल रेट कम कराने की मांग कर रहे हैं, वहीं सांकरौद जैसे क्षेत्र के लोग इसे दोगुना तक बढ़वाना चाहते हैं।
दरअसल यह परिदृश्य इस बात को दर्शाता है कि जमीन के बाजार भाव और सर्किल रेट में काफी अंतर है, और यह अंतर हर क्षेत्र में अलग-अलग तरीके से महसूस किया जा रहा है।
दरअसल बता दे कि यह कहा जा सकता है कि यूपी के Baghpat जिले में सर्किल रेट की यह बहुप्रतीक्षित बढ़ोतरी एक सकारात्मक कदम है, जो ना सिर्फ प्रशासनिक पारदर्शिता और राजस्व वृद्धि में सहायक होगी, बल्कि आमजन को भी उनके भू-संपत्ति के सही मूल्य का लाभ दिलाने में अहम भूमिका निभाएगी। यह बदलाव आने वाले वर्षों में जिले के आर्थिक परिदृश्य को नई दिशा देगा।